Gold Price all-time High: सोना ₹1,38,200 पर पहुंचा, चांदी ने भी तोड़ा अब तक का रिकॉर्ड

Gold Price all-time High ने सोमवार को देश के सर्राफा बाजार में नया इतिहास रच दिया। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सोने की कीमत ₹1,38,200 प्रति 10 ग्राम तक पहुंच गई, जबकि चांदी भी अब तक के सर्वोच्च स्तर पर बंद हुई।

 घरेलू बाजार में ऐतिहासिक उछाल

सोमवार को ऑल इंडिया सर्राफा एसोसिएशन के अनुसार, सोने की कीमत में एक ही दिन में ₹1,685 की तेजी दर्ज की गई। यह तेजी ऐसे समय पर आई है, जब वैश्विक बाजारों में भी कीमती धातुओं में जबरदस्त खरीदारी देखी जा रही है।

चांदी ने भी निवेशकों को चौंका दिया। दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी की कीमत ₹2,14,500 प्रति किलोग्राम (सभी करों सहित) तक पहुंच गई। इसमें एक दिन में ₹10,400 प्रति किलो की छलांग दर्ज की गई।

 अंतरराष्ट्रीय बाजारों से मिला मजबूत संकेत

वैश्विक स्तर पर भी कीमती धातुओं में रिकॉर्ड तेजी देखने को मिली। अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड की कीमत USD 80.85 यानी करीब 1.86% उछलकर USD 4,420.35 प्रति औंस के नए शिखर पर पहुंच गई।

इसी तरह स्पॉट सिल्वर में भी मजबूती रही और इसकी कीमत USD 69.45 प्रति औंस के लाइफटाइम हाई स्तर पर पहुंच गई, जो एक दिन में USD 2.31 (3.44%) की बढ़त दर्शाती है।

 विशेषज्ञों की राय: क्यों बढ़ रहे हैं सोने-चांदी के दाम

एचडीएफसी सिक्योरिटीज के कमोडिटी एनालिस्ट सौमिल गांधी के मुताबिक, बुलियन मार्केट में तेजी का सिलसिला फिलहाल थमता नहीं दिख रहा।

उनका कहना है कि:

  • अमेरिका में ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद

  • फिस्कल घाटे को लेकर बढ़ती चिंता

  • अमेरिकी अर्थव्यवस्था में अनिश्चितता

इन सभी कारणों से निवेशकों का रुझान तेजी से सेफ-हेवन एसेट्स की ओर बढ़ रहा है।

 भू-राजनीतिक तनाव भी बना बड़ा कारण

विशेषज्ञ मानते हैं कि दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव ने भी सोने और चांदी की मांग को मजबूती दी है। अनिश्चित माहौल में निवेशक जोखिम वाले एसेट्स से दूरी बनाकर सुरक्षित निवेश विकल्प चुन रहे हैं।

 चांदी में इंडस्ट्रियल डिमांड का असर

कोटक म्यूचुअल फंड के फंड मैनेजर सतीश डोंडापति के अनुसार, चांदी की कीमतों में उछाल सिर्फ निवेश मांग की वजह से नहीं है।

उनके मुताबिक:

  • इलेक्ट्रॉनिक्स और सोलर सेक्टर में बढ़ती मांग

  • इंडस्ट्रियल यूज में निरंतर बढ़ोतरी

ने चांदी को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है।

 सप्लाई संकट ने बढ़ाया दबाव

ऑगमोंट रिसर्च की हेड रेनिशा चेनानी का कहना है कि चांदी के बाजार में माइनिंग डिसरप्शन और सीमित स्टॉक ने सप्लाई संकट को और गहरा कर दिया है।

उनके अनुसार:

  • मौजूदा समय में इन्वेंट्री बेहद सीमित

  • नई सप्लाई आने में समय

  • कमजोर डॉलर से सट्टा निवेश बढ़ा

इन सभी फैक्टर्स ने चांदी की कीमतों को रिकॉर्ड स्तर तक पहुंचाया है।

 निवेशकों के लिए क्या मायने रखता है यह उछाल

Gold Price all-time High का यह दौर निवेशकों के लिए दोहरी तस्वीर पेश करता है।
एक ओर पुराने निवेशकों को भारी मुनाफा मिला है, वहीं दूसरी ओर नए निवेशकों के लिए एंट्री महंगी हो गई है।

बाजार जानकारों का मानना है कि:

  • अल्पकाल में उतार-चढ़ाव संभव

  • लेकिन लंबी अवधि में सेफ-हेवन डिमांड बनी रह सकती है

 बाजार में आगे क्या संकेत

विशेषज्ञ फिलहाल किसी बड़ी गिरावट के संकेत नहीं दे रहे हैं। वैश्विक आर्थिक हालात, डॉलर की चाल और ब्याज दरों से जुड़ी खबरें आने वाले दिनों में सोने-चांदी की दिशा तय करेंगी।

 FAQs

Q1. Gold Price all-time High क्यों पहुंचा?
अमेरिकी ब्याज दरों में कटौती की उम्मीद, वैश्विक अनिश्चितता और सेफ-हेवन डिमांड इसके प्रमुख कारण हैं।

Q2. क्या चांदी की कीमतें और बढ़ सकती हैं?
इंडस्ट्रियल डिमांड, सप्लाई संकट और कमजोर डॉलर के चलते चांदी में मजबूती बनी रह सकती है।

Q3. क्या अभी सोने में निवेश करना सही है?
लंबी अवधि के निवेशक चरणबद्ध तरीके से निवेश पर विचार कर सकते हैं, लेकिन जोखिम को समझना जरूरी है।

 Disclaimer

यह समाचार रिपोर्ट बाजार में उपलब्ध आधिकारिक आंकड़ों और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है। निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से परामर्श अवश्य करें।