GenAI vs Programming: क्यों AI स्किल्स बन रही हैं नई गोल्ड स्टैंडर्ड, और कोडिंग पीछे छूट रही है

GenAI vs Programming अब सिर्फ एक ट्रेंड नहीं, बल्कि टेक इंडस्ट्री की नई हकीकत बन चुकी है। जिस प्रोग्रामिंग को कभी हाई-पेइंग टेक जॉब्स का “गोल्ड स्टैंडर्ड” माना जाता था, वह अब भविष्य की वर्कफोर्स में एक सेकेंडरी स्किल के रूप में देखी जा रही है। यह बदलाव किसी अनुमान पर नहीं, बल्कि World Economic Forum (WEF) की आधिकारिक रिपोर्ट “New Economy Skills: Building AI, Data and Digital Capabilities for Growth” पर आधारित है।

WEF के मुताबिक, Generative AI (GenAI) और AI/ML स्किल्स न केवल ज्यादा डिमांड में हैं, बल्कि उनकी आर्थिक वैल्यू भी पारंपरिक कोडिंग से तेज़ी से आगे निकल रही है।

2025–2030: स्किल्स का संतुलन कैसे बदल रहा है

WEF के डेटा के अनुसार, 2025 से 2030 के बीच ग्लोबल स्किल सेट में बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है।
जहां Programming, Mathematics और Teaching जैसी पारंपरिक स्किल्स का महत्व धीरे-धीरे घट रहा है, वहीं AI & Big Data और Creative Thinking भविष्य की सबसे अहम स्किल्स बनकर उभर रही हैं।

इस पूरे बदलाव के बीच एक स्किल लगातार मजबूत बनी हुई है—Technology Literacy
इसे डिजिटल टूल्स को रियल-वर्ल्ड समस्याओं में लागू करने की क्षमता के रूप में परिभाषित किया गया है, और यही स्किल आने वाले समय में मानव भूमिका को AI से अलग बनाती है।

GenAI vs Programming: AI स्किल्स की तेज़ बढ़त

कम सीखने का समय, ज्यादा एंट्री: AI की सबसे बड़ी ताकत

GenAI vs Programming की बहस में सबसे निर्णायक फैक्टर है learning hours
WEF और प्लेटफॉर्म डेटा के अनुसार:

  • AI और Big Data में beginner proficiency पाने के लिए
    प्रोग्रामिंग के मुकाबले आधे से भी कम समय की जरूरत होती है।

  • यही वजह है कि नए और युवा लर्नर्स बड़ी तेजी से AI फील्ड में एंट्री कर रहे हैं।

कम समय में स्किल तैयार होने से इंडस्ट्री में entry barriers घटे हैं, जिससे पारंपरिक डेवलपर्स पर प्रतिस्पर्धा और तेज़ हो गई है।

Read Also: MHT CET 2026 रजिस्ट्रेशन शुरू: दो सत्रों में परीक्षा, आधार-APAAR अनिवार्य, जानें पूरी आवेदन प्रक्रिया

Coursera डेटा: सीखने के घंटों में चौंकाने वाला फर्क

Coursera (2020–2025) के आंकड़े इस बदलाव को और साफ करते हैं:

  • AI और Big Data सीखने में लगने वाला समय
    प्रोग्रामिंग की तुलना में लगभग 50% कम है।

  • इसके बावजूद, AI से जुड़ी कुल learning hours
    प्रोग्रामिंग से 6 गुना ज्यादा दर्ज की गईं।

यह दर्शाता है कि लाखों प्रोफेशनल्स और स्टूडेंट्स
अपने करियर को भविष्य के लिए सुरक्षित करने के लिए AI की ओर शिफ्ट कर रहे हैं।

ChatGPT के बाद बदली AI की रफ्तार

AI के भीतर भी एक बड़ा बदलाव देखा गया है।
GenAI-specific skills ने 2022 के बाद जबरदस्त उछाल लिया।

  • COVID-19 के दौरान AI में शुरुआती दिलचस्पी बढ़ी

  • लेकिन ChatGPT के लॉन्च के बाद
    GenAI की मांग में विस्फोटक तेजी आई

जहां कोर AI स्किल्स स्थिर गति से बढ़ीं, वहीं GenAI ने
ग्लोबल टैलेंट मार्केट में एक नई दिशा तय कर दी।

कौन-सी स्किल्स सबसे ज्यादा बदलेंगी?

Indeed (July 2025) के लगभग 2,900 स्किल्स के विश्लेषण में,
GPT-4.1 और Claude 4 जैसे मॉडलों का इस्तेमाल किया गया।

नतीजा साफ है:

  • Programming skills सबसे ज्यादा transformation के जोखिम में हैं
    क्योंकि GenAI routine coding tasks को automate कर सकता है।

  • वहीं Technology Literacy पर GenAI का असर सीमित है,
    क्योंकि इसमें मानव निर्णय, संदर्भ और अनुकूलन जरूरी होता है।

इसका मतलब है कि भविष्य में सिर्फ कोड लिखना काफी नहीं होगा,
बल्कि AI सिस्टम्स को समझना और सही तरीके से इस्तेमाल करना ज्यादा अहम होगा।

सैलरी ट्रेंड: पैसा किस स्किल में है?

2019–2025 के median wage डेटा में भी यही ट्रेंड दिखता है:

  • सभी डिजिटल रोल्स की सैलरी में धीरे-धीरे बढ़ोतरी हुई

  • लेकिन AI/ML roles में 2023 के बाद तेज़ उछाल देखा गया

  • इसके मुकाबले Programming और Data roles की सैलरी ग्रोथ सीमित रही

यही कारण है कि GenAI vs Programming की बहस अब सिर्फ स्किल नहीं,
बल्कि earning potential से भी जुड़ चुकी है।

आगे का रास्ता क्या संकेत देता है?

WEF का आकलन साफ है—
भविष्य उन प्रोफेशनल्स का है जो:

  • Advanced AI expertise के साथ सिस्टम को मैनेज कर सकें

  • और Technology Literacy के जरिए
    AI टूल्स को वास्तविक समस्याओं में लागू कर सकें

इस बदलते दौर में, प्रोग्रामिंग खत्म नहीं हो रही,
लेकिन वह अब अकेली “गोल्ड स्टैंडर्ड” स्किल भी नहीं रही।

GenAI vs Programming की यह शिफ्ट
आने वाले वर्षों में टेक करियर की दिशा तय करने वाली है।

अस्वीकरण

यह लेख World Economic Forum (WEF), Coursera और प्रकाशित डेटा रिपोर्ट्स पर आधारित है। इसमें दी गई जानकारी केवल शैक्षिक और सूचनात्मक उद्देश्य के लिए है। करियर, सैलरी या स्किल से जुड़े किसी भी निर्णय से पहले पाठकों को संबंधित आधिकारिक स्रोतों और विशेषज्ञों से पुष्टि करने की सलाह दी जाती है।